💼 महंगाई
"हमारे ज़माने में ये एक रुपये का था", चिप्स के पैकेट को हवा का पैकेट बनाती श्रिंकफ्लेशन, अंडों के दाम और वो कॉफी जो पहले के एक लंच जितनी महंगी है। किराने के बिल, पीछे छूटती सैलरी और हर साल कम खरीदने वाले पैसों पर महंगाई मीम्स।
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